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Bureau | June 14, 2020 | 0 Comments

Modern Delhi Public School (MDPS) asked fees during lock down and ignoring government order

सरकारी आदेशों को ना मानने की कसम खा बैठे हैं कुछ प्राइवेट स्कूल, MDPS ने भी मांगी स्कूल फीस

फीस बढ़ोतरी को लेकर अभिभावकों ने शनिवार को ग्रेटर फरीदाबाद स्थित मॉडर्न डीपीएस के गेट के सामने प्रदर्शन किया। इस प्रदर्शन की जानकारी मिलते ही थाना खेड़ी पुल की पुलिस भी मौके पर पहुंच गई। घंटों प्रदर्शन करने के बाद भी स्कूल की ओर से कोई भी अभिभावकों से नहीं मिला। इससे नाराज होकर उन्होंने स्कूल के खिलाफ पुलिस को लिखित शिकायत दी।

बढ़ी हुई फीस से नाराज ग्रेटर फरीदाबाद स्थित मॉडर्न डीपीएस के अभिभावकों ने किया स्कूल के गेट पर प्रदर्शन

अभिभावक अवधेश शर्मा, अंशुल चौहान, राजेश सिंह, कमल गुप्ता, सुमित, अरुण, वीरेंद्र भारद्वाज, हेमंत, अभिषेक ने बताया कि वर्ष 2019 में इस स्कूल की मासिक ट्यूशन फीस 7000 थी जो अब बढ़ाकर 9560 कर दी गई है। इसमें कई अन्य चार्ज भी जोड़ दिए गए हैं। स्कूल प्रबंधक ने हर तरह का दबाव डालकर व डरा धमका कर 90 अभिभावकों से अप्रैल मई-जून की बढ़ी हुई फीस वसूली है। शेष बचे हुए अभिभावकों को रोजाना हर तरह से डरा धमकाया जा रहा है।

हम पुरानी फीस देना चाहते हैं। बढ़ी हुई फीस हम नहीं देंगे। चाहे हमें अपने बच्चों के नाम स्कूल से कटवाने पड़े। स्कूल प्रबंधन अपनी मनमानी पर उतारू हो गया है। – रविंद्र सिंह

हम बच्चों के नाम कटवाने के लिए प्रिंसिपल से कह चुके हैं, फिर वह तीन महीने की फीस मांग रहा है। फीस न देने पर टीसी भी नहीं दे रहे हैं और कोई सुनने वाला नहीं है। -सुरेंद्र सिंह

स्कूल संचालक अपने आपको अधिकारी व कानून से ऊपर मानते हैं। ऑनलाइन क्लासेज के दौरान फीस न मिलने पर बच्चों के नाम लिए जाते हैं। अगर किसी बच्चे ने कोई गलत कदम उठाया तो स्कूल जिम्मेदार होगा। -नोबेल अंटिल

हम सभी अभिभावक फीस लेकर आए हैं। हम सभी फीस भरने को तैयार है, लेकिन पुरानी फीस स्कूल प्रबंधन नहीं ले रहा है। -अनिल कुमार

अभिभावक एकता मंच ने चेयरमैन फीस एंड फंड्स रेगुलेटरी कमिटी एफएफआरसी को पत्र लिखकर कहा है कि जिन स्कूलों ने नियमों के विरुद्ध अभिभावकों से बढ़ी हुई फीस वसूली है, उसे वापस कराया जाए या आगे एडजस्ट कराए जाए। इसके अलावा मासिक आधार पर ही सिर्फ ट्यूशन फीस ही अभिभावकों से ली जाए। जो स्कूल ऐसा ना करें उनकी एनओसी व मान्यता रद्द की जाए। -कैलाश शर्मा, महासचिव, अभिभावक एकता मंच

हमारे स्कूल में करीब 4 हजार बच्चे हैं, जिनमें से 3800 ने फीस जमा करा दी है। यह वह लोग हैं, जो अच्छी शिक्षा के साथ-साथ बेहतरीन स्कूल में बच्चों को पढ़ाना चाहते हैं, लेकिन फीस जमा नहीं करना चाहते। हम पुरानी फीस ही मांग रहे हैं। बढ़ी हुई फीस नहीं ले रहे हैं। – यू. एस. वर्मा, प्रिंसिपल, मॉडर्न डीपीएस

हमने शिक्षा विभाग से ऐसे स्कूलों की जानकारी मांगी है, जो बढ़ी हुई फीस ले रहे हैं। विभाग की रिपोर्ट के अनुसार हम कार्रवाई करेंगे और फिलहाल मॉडर्न डीपीएस के बारे में शिक्षा अधिकारी से जानकारी लेते हैं। -संजय जून, चेयरमैन, फीस एंड फंड्स रेगुलेटरी कमिटी

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Author: Bureau

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