Blog

BPTP Park Elite Premium
Bureau | January 13, 2021 | 0 Comments

BPTP Park Elite Premium in Greater Faridabad

अपने घर में किरायेदार बनकर रह गए बीपीटीपी पार्क एलीट प्रीमियमवासी

राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली से सटे हरियाणा के औद्योगिक जिले फरीदाबाद में बिल्डर द्वारा डीटीसीपी (डिस्ट्रिक्ट टाउन एंड कंट्री प्लानिग) को ईडीसी (एक्सटरनल डेवलपमेंट चार्ज) का भुगतान नहीं किए जाने की वजह से बीपीटीपी पार्क एलीट प्रीमियम के निवासी अपने घर में ही किरायेदार बन कर रह गए हैं। उन्हें पजेशन के सात वर्ष बाद भी मालिकाना हक नहीं मिला है। बिल्डर ने 30 करोड़ रुपये की ईडीसी जमा नहीं की है। इसके चलते डीटीसीपी ने बिल्डर को आक्यूपेंसी सर्टिफिकेट (ओसी) नहीं जारी किया है। इसे लेकर रविवार को पार्क एलीट प्रीमियम की आरडब्ल्यूए ने पदाधिकारियों एवं सदस्यों के साथ बैठक की। सरकार को बिल्डर के खिलाफ उचित कार्रवाई करने और ओसी जारी करवाकर सोसायटीवासियों को राहत देने की मांग की गई। बैठक की अध्यक्षता आरडब्ल्यूए के प्रधान अवनींद्र दत्त तिवारी ने की।

सोसायटीवासियों के अनुसार ईडीसी, आइडीसी, क्लब हाउस, रजिस्ट्री के नाम पर लाखों रुपये का भुगतान बिल्डर को किया था, लेकिन कोई लाभ नहीं मिल रहा है। सोसायटी के करीब 350 परिवार यह नहीं समझ पा रहे है कि लाखों रुपये देने के बाद भी वह घर के मालिक हैं या किरायेदार। सोसायटी में 13 टावर हैं। इनमें से सिर्फ छह टावर की ओसी मिली है, जबकि सात टावर के निवासी ओसी नहीं मिलने की वजह से रजिस्ट्री नहीं करा पाए हैं। दो वर्षों से रजिस्ट्री के जन प्रतिनिधियों, सरकारी विभागों के चक्कर लगाए हैं, लेकिन कोई समाधान नहीं निकला।

डीटीसीपी से पता चला कि बिल्डर पर 30 करोड़ की ईडीसी बकाया है और बैंक गारंटी भी एक्सपायर हो गया है। इसके अलावा सोसायटी में क्लब हाउस नहीं है। इसके चलते आरडब्ल्यूए को अपनी बैठक एक फ्लैट में करनी पड़ती है। सोसायटीवासियों को पारिवारिक कार्यक्रम के लिए रेस्टोरेंट या होटल बुक कराना पड़ता है। प्रत्येक फ्लैट धारक ने बुकिग के दौरान 50 हजार रुपये क्लब हाउस के लिए अलग से दिए थे।

इसके अलावा सोसायटी में स्थायी बिजली कनेक्शन नहीं हैं। किसी अन्य सोसायटी के साथ साझा कनेक्शन लिया हुआ है। इसके चलते सोसायटीवासियों को प्रदेश सरकार द्वारा निर्धारित स्लैब का भी लाभ नहीं मिल पा रहा है। इसके अलावा पानी निकासी की व्यवस्था ठीक नहीं होने के चलते बारिश का पानी बेसमेंट में भर जाता है। बैठक में मान सिंह, संदीप कुमार, अंशुमान द्विवेदी, राजेश कुमार, सत्येंद्र सिंह, पंकज शुक्ल, विकास कुमार, अनुज वत्स सहित कई लोग मौजूद रहे। बीपीटीपी प्रबंधन का पक्ष लेने के लिए एमडी राजीव गुप्ता एवं उपाध्यक्ष रोहित मोहन को कई बार फोन पर संपर्क करने की कोशिश की गई, लेकिन दोनों ने ही फोन नहीं उठाए।

अच्छी सुविधाओं एवं माहौल को ध्यान में रखते हुए सोसायटी में फ्लैट लिया था, लेकिन सुविधाओं के नाम पर कुछ भी नहीं है। सरकार को बिल्डर से ईडीसी के पैसे वसूलने चाहिए और सोसायटीवासियों को ओसी जारी करके राहत देनी चाहिए। सोसायटीवासियों ने ईडीसी एवं आइडीसी का भुगतान फ्लैट बुक कराने के दौरान किया है। – अवनींद दत्त तिवारी, प्रधान, आरडब्ल्यूए।

50-60 लाख रुपये बेहतर सुविधाओं के नाम पर खर्च किए हैं, लेकिन सुविधाएं कुछ नहीं मिल रही है। काफी संघर्ष के बाद पजेशन मिली थी और रजिस्ट्री के लिए लड़ना पड़ रहा है। सरकार से उम्मीद है कि वह ओसी दिलवाने में सोसायटीवासियों को मदद करेगी। – रमेश राणा, सोसायटीवासी।

Bureau
Author: Bureau

musingindia.com is a leading company in Hindi / English online space. musingindia.com is a leading company in Hindi/English online space. Launched in 2013, musingindia.com is the fastest growing Hindi/English news website in India, and focuses on delivering around the clock national and international news and analysis, business, sports, technology entertainment, lifestyle and astrology. As per Google Analytics, musingindia.com gets 10,000 Unique Visitors every month.

Facebooktwitterredditpinterestlinkedinmail

Bureau

musingindia.com is a leading company in Hindi / English online space. musingindia.com is a leading company in Hindi/English online space. Launched in 2013, musingindia.com is the fastest growing Hindi/English news website in India, and focuses on delivering around the clock national and international news and analysis, business, sports, technology entertainment, lifestyle and astrology. As per Google Analytics, musingindia.com gets 10,000 Unique Visitors every month.

Related Posts

Leave a Comment

Your email address will not be published.