सांसद धर्मेन्द्र यादव

BJP to work with futuristic feelings: MP Dharmendra Yadav

भाजपा का काम वायदा कर भावनाओं से खेलना : सांसद धर्मेन्द्र यादव

क्षेत्रीय सांसद धर्मेंद्र यादव ने कहा केंद्र सरकार के कार्यकाल को साढ़े चार वर्ष से अधिक हो गए हैं। चुनाव से पूर्व जनता से किए गए वादों में से अभी तक कोई वादा पूरा नहीं किया है बल्कि इसके विपरीत नोटबंदी, जीएसटी लागू करके छात्र नौजवान, व्यापारी, किसान, पिछड़े, दलित, अल्संख्यक समाज के हर वर्ग कि कमर तोड़ दी है।

व्यक्ति के खाते में 15 लाख आने का वादा तथा प्रत्येक वर्ष 2 करोड युवाओं को रोजगार देने का वादा किया था। मगर युवाओं को पकौड़ा बेचने की सलाह देकर उनकी भावनाओं के साथ कुठाराघात किया है। सपा सांसद धर्मेंद्र यादव ने बिल्सी एवं सदर क्षेत्र के अलग-अलग कार्यक्रमों में शामिल हुए। बिल्सी के गांव अंबियापुर में सपा कार्यकर्ता सम्मेलन, ग्राम सतेती में बारात घर का उद्घाटन, ग्राम बेहटाजवती में ग्राम सिरासौल जसा, सिरासौल कुमरसहाय, सिरासौलस सीताराम तथा शहर में कार्यक्रमों में सम्मिलित हुए।

इस दौरान सांसद धर्मेंद्र यादव ने कहा कि नोटबंदी व जीएसटी के कारण पूरे देश में लगातार रोजगार के अवसर घट रहे हैं। रुपया डालर के मुकाबले रिकार्ड रूप से गिर रहा है। देश में किसानों के हालात इतने गंभीर हैं कि पिछले साढ़े चार साल में 33 हजार से भी अधिक किसान आत्महत्या कर चुके है। भाजपा की करतूत को जनता समझ चुकी है और सबक भी सिखाने लगी है। इस मौके पर सपा जिलाध्यक्ष आशीष यादव, पूर्व मंत्री विमल कृष्ण अग्रवाल, पूर्व मंत्री प्रदीप यादव, पूर्व डीसीबी चेयरमैन ब्रजेश यादव, सुरेश पाल सिंह चैहान, देवेंद्र शाक्य, शशी शाक्य, रामेश्वर शाक्य, उदयवीर सिंह शाक्य, रवेंद्र शाक्य, स्वाले चैधरी, फैजान आजाद, खिशाल उद्दीन, इंदू सक्सेना, विश्राम सिंह यादव, शोहराव गद्दी, रिजवान गाजी, आमिर अंसारी, शंशाक यादव, इमरान, अनुपम पाठक, कृष्णपाल सिंह गुरू, ललित गिरि उपस्थित रहें।

सांसद धर्मेद्र यादव ने सदन में उठाया तीन तलाक का मुद्दा

सांसद धर्मेद्र यादव ने संसद के शीतकालीन सत्र में तीन तलाक का मुद्दा जोरशोर से उठाया। उन्होंने कहा कि ट्रिपल तलाक के मुद्दे पर जो कानून बनाया गया है उसमें मुस्लिम पुरूषों को तीन साल के दंड का जो प्रावधान किया गया है उसका समाजवादी पार्टी पुरजोर विरोध करती है। उन्होंने मांग की कि इस प्रावधान को तत्काल प्रभाव से वापस लिया जाए। किसी भी धर्म व कानून में तलाक के आधार पर जेल भेजने की व्यवस्था नहीं है।

जहां तक मुस्लिम महिलाओं के न्याय का सवाल है जस्टिस राजेंद्र सच्चर की रिपोर्ट में कहा गया है कि देश में मुसलमानों की हालत दलितों से भी बद्तर है। रिपोर्ट के आधार पर जो निर्णय लिया गया है मुसलमानों की हालत बेहतर करने के लिए उसे लागू किया जाए। कहा कि मुस्लिम परिवारों में विवाद बढ़ाने के उद्देश्य से तथा वोटो की राजनीति करने के लिए केंद्र की भाजपा सरकार द्वारा यह बिल लाया जा रहा है। कहा कि दो करोड़ से भी ज्यादा मुस्लिम महिलाओं ने हस्ताक्षर अभियान के माध्यम से प्रधानमंत्री व राष्ट्रपति को इस कानून का विरोध किया है। कहा कि वह सभी शरियत के कानून के हिसाब से चलना चाहती हैं। कहा कि डॉ.राम मनोहर लोहिया ने हमेशा नर नारी समानता की बात की है। मुलायम ¨सह यादव ने उसको आगे बढाया तथा वर्तमान में पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव इसको और चार कदम आगे ले जाने के लिए प्रयासरत हैं। केन्द्र की भाजपा सरकार महिलाओं की सुरक्षा, सम्मान तथा सशक्तिकरण की बात करती है जबकि सच्चाई यह है पिछली समाजवादी पार्टी की सरकार में उत्तर प्रदेश में 55 लाख महिलाओं को समाजवादी पेंशन दी जा रही थी, जिसे वर्तमान केंद्र की भाजपा सरकार ने बंद कर दिया है।

Musing India
Author: Musing India

musingindia.com is a leading company in Hindi / English online space. musingindia.com is a leading company in Hindi/English online space. Launched in 2013, musingindia.com is the fastest growing Hindi/English news website in India, and focuses on delivering around the clock national and international news and analysis, business, sports, technology entertainment, lifestyle and astrology. As per Google Analytics, musingindia.com gets 10,000 Unique Visitors every month.

Facebooktwitterredditpinterestlinkedinmail

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *