समाजवादी पार्टी

BJP leader Swami Prasad Maurya son in law Naval Kishor joins Samajwadi Party

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भाजपा को एक और झटका: स्वामी प्रसाद मौर्य के दामाद डॉ.नवल किशोर शाक्य समाजवादी पार्टी (सपा) में शामिल

उत्तर प्रदेश के उपचुनावों में हार के बाद योगी सरकार को एक और झटका लगा है। शुक्रवार को उन्हीं की सरकार के एक मंत्री के दामाद समाजवादी पार्टी (सपा) में शामिल हो गए। यह मंत्री कोई और नहीं, बल्कि भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के नेता स्वामी प्रसाद मौर्य हैं। उन्हीं के दामाद नवल किशोर अब साइकिल पर सवार हो गए हैं।

उत्तर प्रदेश के उपचुनावों में हार के बाद योगी सरकार को एक और झटका लगा है। शुक्रवार को उन्हीं की सरकार के एक मंत्री के दामाद समाजवादी पार्टी (सपा) में शामिल हो गए। यह मंत्री कोई और नहीं, बल्कि भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के नेता स्वामी प्रसाद मौर्य हैं। उन्हीं के दामाद डॉ.नवल किशोर शाक्य अब साइकिल पर सवार हो गए हैं। पार्टी में उनके शामिल होने के दौरान उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव भी वहां मौजूद थे। अखिलेश ने शाक्य को गौतम बुद्ध की प्रतिमा भेंट की और उपचुनाव में जीत के लिए शुभकामनाएं दीं। पूर्व सीएम ने इस मौके पर कहा, “यह हमारी पार्टी में आ रहे हैं। मगर हम इनको यहां नहीं बल्कि सभा में शामिल कराएंगे।” अखिलेश ने इस जीत पर बोले, “सबसे बड़ा फायदा यह हुआ है कि वह (सीएम) विकास की ओर बढ़ने लगे हैं। अब वह डिजिटल इंडिया की बातें कर रहे हैं। विकास कार्यों में रुचि दिखा रहे हैं।”

सपा में शामिल हुए योगी सरकार के मंत्री स्वामी प्रसाद मौर्य के दामाद

उत्तर प्रदेश सरकार में मंत्री स्वामी प्रसाद मौर्य के दामाद नवल किशोर ने शनिवार को समाजवादी पार्टी का दामन थाम लिया। इसके साथ ही बहुजन समाज पार्टी (बसपा) के पूर्व विधायक इरशाद खान, पूर्व एमएलसी प्रदीप सिंह भी सपा में शामिल हो गए।

पूर्व मुख्यमंत्री व समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने तीनों नेताओं के पार्टी में शामिल होने पर गौतम बुद्ध की प्रतिमा देकर उनका स्वागत किया।

इस मौके पर, उपचुनाव में सपा की जीत पर उन्होंने कहा, “सपा और बसपा के कार्यकर्ताओं को जीत के लिए बधाई देता हूं। सपा-बसपा कार्यकर्ताओं को बूथ स्तर पर भी धन्यवाद देना चाहिए।”

उन्होंने कहा कि आने वाले चुनावों में बूथ स्तर तक काम करना है। चुनाव में नतीजे कुछ भी आएं लेकिन मेहनत करनी है।

अखिलेश यादव ने लोकसभा उपचुनाव में भाजपा को मिली हार पर कहा, “यह देखकर अच्छा लग रहा है कि हार के बाद मुख्यमंत्री विकास की बात करने लगे हैं।”

अखिलेश ने कहा कि अब मुख्यमंत्री स्टैंडअप इंडिया, डिजिटल इंडिया और एक्सप्रेस वे की बात कर रहे हैं। यह देखकर अच्छा लग रहा है, जब विकास की बात होगी तो लोगों का भला होगा।

अखिलेश यादव ने कहा कि इस जीत से सबसे बड़ा फायदा ये हुआ है कि वो मुख्यमंत्री योगी विकास की तरफ जाने लगे हैं। अब वो डिजिटल इंडिया की बात कर रहे हैं। विकास कार्यों में रुचि लेने लगे हैं। अखिलेश ने कहा कि बीटीसी अभ्यर्थियों की पूरी प्रक्रिया होने के बावजूद उन्हें नियुक्ति पत्र नहीं दिया। सिर्फ इसलिए कि सपा शासन में उनकी भर्तियां हुई थीं। कम से कम जो भर्तियां हो गई हैं, उन्हें तो सरकार नियुक्ति पत्र दे दे।

सपा-बसपा कार्यकर्ता बूथ स्तर पर गले मिलें तो आएंगे और भी अच्छे परिणाम: अखिलेश यादव

पूर्व सीएम अखिलेश ने कहा कि जब से सपा और बसपा ने उपचुनाव मिलकर लड़ा है, तब से बधाई देने आने वालों का तांता लगा हुआ है। गांव और बूथ स्तर पर भी सपा व बसपा के कार्यकर्ता एक दूसरे को बधाई देंगे, तभी इसके और भी सकारात्मक परिणाम आएंगे।

सपा मुख्यालय में शनिवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस में अखिलेश ने चयन के बाद भी बीटीसी प्रशिक्षित युवाओं की नियुक्ति नहीं होने पर नाराजगी जताई। साथ ही बीटीसी प्रशिक्षित युवाओं पर लाठीचार्ज की निंदा की। उन्होंने कहा, शुक्रवार को ये युवा उनसे मिलने आए थे। इसके तुरंत बाद सीएम योगी ने उन्हें मिलने के लिए बुला लिया। अखिलेश ने चुटकी लेते हुए कहा, मैं तो कहूंगा, पहले आंदोलनकारी मुझसे मिलने आ जाया करें, ताकि योगी भी तुरंत उन्हें मिलने के लिए बुला सकें।

जनता ने भाजपा को दिया रिटर्न गिफ्ट : अखिलेश ने कहा, 11 मार्च को फूलपुर व गोरखपुर में जनता ने भाजपा के खिलाफ फैसला सुनाकर विधानसभा चुनाव में किए गए झूठे वादों का रिटर्न गिफ्ट भी दे दिया है। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा ने यूपी के राज्यसभा चुनाव में खरीद-फरोख्त और भ्रष्टाचार को बढ़ावा देने के लिए नौवां प्रत्याशी उतारा है।

स्वामी प्रसाद मौर्य के दामाद ने अखिलेश को दी जीत की बधाई

प्रदेश में कैबिनेट मंत्री स्वामी प्रसाद मौर्य के दामाद डॉ. नवल किशोर समेत कई विधायकों और टीवी कलाकार ने शनिवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान मंच पर पहुंच अखिलेश यादव को गोरखपुर और फूलपुर उपचुनाव में जीत की बधाई दी। इस दौरान पूर्व सीएम अखिलेश यादव ने कहा, डॉ. नवल किशोर भाजपा सरकार के मंत्री स्वामी प्रसाद मौर्य के रिश्तेदार हैं। इससे उनकी बधाई का महत्व समझा जा सकता है। इन लोगों द्वारा सपा की सदस्यता लेने के सवाल पर अखिलेश ने कहा, आशुतोष कौशिक और इरशाद खान तो सपा में ही हैं। बाकी लोग बधाई देने आए हैं। हालांकि, अब किसी की भी ज्वाइनिंग सार्वजनिक सभा में ही होगी।

निजीकरण से अनाप-शनाप बढ़ेंगे बिजली के बिल

अखिलेश ने मोदी सरकार के वादे गिनाते हुए कहा, चुनाव में किया एक भी वादा पूरा नहीं किया। उन्होंने चुनाव बैलेट पेपर से कराने के कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष राहुल गांधी के सुझाव का समर्थन किया। अखिलेश ने मोदी सरकार पर निशाना साधते हुए कहा, यूपी ने उन्हें 73 सांसद दिए, पर केंद्र ने न तो यूपी का बिजली कोटा बढ़ाया न ही उत्पादन बढ़ाने की व्यवस्था की। अखिलेश ने कहा कि भाजपा वालों ने चार वीआईपी जिलों को ही बिजली देने जैसे मुद्दे में जनता को उलझा दिया है। चुपके से कई शहरों की बिजली व्यवस्था निजी हाथों को सौंप दी। इससे अनाप-शनाप बिजली बिल बढ़ेंगे।

अभी नहीं खोलेंगे लोकसभा चुनाव के पत्ते

क्या लोकसभा चुनाव में सपा बसपा के साथ-साथ कांग्रेस से भी गठबंधन करेगी? इस पर अखिलेश ने हंसते हुए कहा, पहले से यह बात मीडिया को नहीं बताएंगे, क्योंकि ऐसा किया तो वो झगड़ा करवा देगा। अखिलेश ने कहा, भाजपा ने जीडीए में काम करने वाले व्यक्ति को राज्यसभा चुनाव में अपना नौवां प्रत्याशी बनाया है। इसके पीछे की मंशा भ्रष्टाचार को बढ़ावा देना है। उन्होंने विधायक नितिन अग्रवाल का नाम लिए बिना कहा, एक विधायक को छोड़ कोई सपा विधायक क्रॉस वोटिंग नहीं करेगा। मैंने शिवपाल यादव से भी वोट मांगा है।

डॉ. नवल के सपा में शामिल होने के सवाल पर अखिलेश यादव ने कहा कि ये हमारी पार्टी में आ रहे हैं लेकिन इन्हें हम यहां नहीं, सभा में ज्वॉइन कराएंगे। कई अन्य कार्यकर्ताओं ने भी अखिलेश यादव को स्मृति चिह्न दिया।अखिलेश यादव ने कहा कि भाजपा ने कुछ ज्यादा ही वादे जनता से किए। जो वादे किए, उन्हें पूरा नहीं किया। इसी का गुस्सा जनता में है। सपा अध्यक्ष ने कहा कि ईवीएम से वोटिंग हुई तो जनता का गुस्सा नहीं निकला। बैलेट पर ठप्पा मारने से गुस्सा निकलता है और लोकतंत्र में गुस्सा निकलना बहुत जरूरी है।

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Author: Musing India

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